नई दिल्ली, 25 नवंबर 2025:
दुनिया की सबसे पॉपुलर मैसेजिंग ऐप व्हाट्सऐप ने एक बार फिर अपनी सिक्योरिटी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ऑस्ट्रियन रिसर्चर्स के एक अध्ययन के अनुसार, व्हाट्सऐप के कॉन्टैक्ट डिस्कवरी फीचर में एक गंभीर खामी के कारण करीब 3.5 अरब (350 करोड़) यूजर्स के फोन नंबर, प्रोफाइल फोटो, स्टेटस टेक्स्ट और अन्य मेटाडेटा लीक हो गया। रिसर्चर्स का दावा है कि यह इतिहास का सबसे बड़ा डेटा लीक है, जो अगर गलत हाथों में पड़ जाता तो वैश्विक स्तर पर साइबर अपराधों का नया दौर शुरू हो जाता। हालांकि, व्हाट्सऐप की पैरेंट कंपनी मेटा ने इसे ‘लीक’ नहीं बल्कि एक रिसर्च स्टडी का हिस्सा बताया है और कहा है कि कोई नॉन-पब्लिक डेटा एक्सेस नहीं हुआ। फिर भी, विशेषज्ञों का मानना है कि यह प्राइवेसी का बड़ा उल्लंघन है। आइए, इस पूरे मामले को विस्तार से समझते हैं।

मुख्य बातें:
रिसर्चर्स के मुताबिक, यह बग वॉट्सएप के लेटेस्ट वर्जन में भी मौजूद है। हैकर्स बिना यूजर को पता चले उनकी प्रोफाइल फोटो, स्टेटस और यहाँ तक कि “लास्ट सीन” जैसी सेटिंग्स तक पहुँच बना सकते हैं। सबसे खतरनाक बात यह है कि इसके लिए यूजर का कोई लिंक क्लिक करना या मैसेज ओपन करना भी जरूरी नहीं है।
साइबर एक्सपर्ट्स ने चेतावनी दी है कि यह डेटा लीक होने से स्टॉकिंग, ब्लैकमेलिंग और फेक प्रोफाइल बनाने की घटनाएँ तेजी से बढ़ सकती हैं। भारत में वॉट्सएप के करीब 50 करोड़ से ज्यादा यूजर्स हैं, इसलिए यह खतरनाक खामी यहाँ सबसे ज्यादा असर डाल सकती है।
वॉट्सएप की पैरेंट कंपनी मेटा ने अभी तक इस खामी पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है, लेकिन सूत्र बता रहे हैं कि कंपनी इमरजेंसी पैच तैयार कर रही है।

लीक हुई जानकारी:
मोबाइल नंबर (प्राइमरी की)
प्रोफाइल नेम और प्रोफाइल फोटो
स्टेटस अपडेट्स
लास्ट सीन टाइमस्टैम्प
कुछ मामलों में लोकेशन डेटा भी
